Dil Ki Nazar Se - दिल की नज़र से

दिल की नज़र से, नज़रों की दिल से
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे

सीने से उठकर, होठों पे आया
ये गीत कैसा, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे

दिल की नज़र से, नज़रों की दिल से
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे, दिल की नज़र से

क्यूँ बेखबर, युं खिंची सी
चली जा रही मैं
ये कौनसे, बन्धनों में
बंधी जा रही मैं

क्यूँ बेखबर, युं खिंची सी
चली जा रही मैं
ये कौनसे, बन्धनों में
बंधी जा रही मैं

कुछ खो रहा है, कुछ मिल रहा है
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे
दिल की नज़र से

हम खो चले,
चाँद है या कोई जादूगर है
या मदभरी
ये तुम्हारी नज़र का असर है

हम खो चले,
चाँद है या कोई जादूगर है
या मदभरी
ये तुम्हारी नज़र का असर है

सब कुछ हमारा, अब है तुम्हारा
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे
दिल के नज़र से

आकाश में, हो रहे हैं ये कैसे इशारे
क्या देखकर, आज हैं इतने खुश चाँद तारे
आकाश में हो रहे हैं ये कैसे इशारे
क्या देखकर, आज हैं इतने खुश चाँद तारे

क्यूँ तुम पराये, दिल में समाये
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे

दिल की नज़र से, नज़रों की दिल से
ये बात क्या है, ये राज़ क्या है
कोई हमे बता दे, दिल की नज़र से

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