Hamari Sanson Mein


हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है
हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है

लबों पे नग़में मचल रहे हैं
लबों पे नग़में मचल रहे हैं
नज़र से मस्ती झलक रही है

हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है

वो मेरे नज़दीक आते आते
हया से इक दिन सिमट गये थे
वो मेरे नज़दीक आते आते
हया से इक दिन सिमट गये थे

मेरे खयालों में आज तक
वो बदन की डाली लचक रही है
मेरे खयालों में आज तक
वो बदन की डाली लचक रही है

हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है

सदा जो दिल से निकल रही है
वो शेर--नग़मों में ढल रही है
सदा जो दिल से निकल रही है
वो शेर-ओ-नग़मों में ढल रही है

कि दिल के आंगन में जैसे कोई
ग़ज़ल की झांझर छनक रही है
कि दिल के आंगन में जैसे कोई
ग़ज़ल की झांझर छनक रही है

हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है

तड़प मेरे बेकरार दिल की
कभी तो उन पे असर करेगी
तड़प मेरे बेकरार दिल की
कभी तो उन पे असर करेगी

कभी तो वो भी जलेंगे इस में
जो आग दिल में दहक रही है
कभी तो वो भी जलेंगे इस में
जो आग दिल में दहक रही है

हमारी साँसों में आज तक वोह
हिना की खुशबू महक रही है

लबों पे नग़में मचल रहे हैं
नज़र से मस्ती झलक रही है
हमारी साँसों में आज तक वो
हिना की खुशबू महक रही है

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